सेवराई तहसील को जल्द मिलेगा अत्याधुनिक कार्यालय भवन, 11 करोड़ की इस महत्वाकांक्षी परियोजना की प्रक्रिया तेज

सेवराई। गाजीपुर जिले के सेवराई (जमानिया विधानसभा क्षेत्र) के लोगों के लिए यह एक बड़ी और खुशखबरी है, जो लंबे इंतजार के बाद साकार होती दिख रही है। मंगलवार को हुई महत्वपूर्ण टीम की साइट विजिट लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) की वाराणसी और गाजीपुर संयुक्त टीम ने प्रस्तावित स्थल का गहन निरीक्षण किया।
टीम में अवर अभियंता शैलेंद्र कुमार (वाराणसी) और जूनियर इंजीनियर संजीव कुमार (गाजीपुर) शामिल थे। इस दौरान उपजिलाधिकारी संजय यादव और तहसीलदार सुनील कुमार सिंह भी मौके पर मौजूद रहे। सभी ने मिलकर भवन निर्माण से जुड़े तकनीकी पहलुओं, डिजाइन, नक्शे और अन्य जरूरी बिंदुओं पर विस्तृत चर्चा की। अभियंताओं ने स्पष्ट किया कि सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी हो चुकी हैं और अब टेंडर प्रक्रिया जल्द शुरू होने वाली है। टेंडर जारी होते ही निर्माण कार्य तेजी से आगे बढ़ेगा।
परियोजना की खास बातें यह है कि लगभग 11 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस आधुनिक ऑफिस स्पेस, बेहतर बैठने की व्यवस्था, डिजिटल सुविधाएं, पार्किंग, सुरक्षा सिस्टम और पर्यावरण-अनुकूल डिजाइन होगा। जिससे क्षेत्र के हजारों लोगों को एक ही छत के नीचे सभी प्रशासनिक सेवाएं (तहसील, राजस्व, रजिस्ट्री आदि) का लाभ आसानी से मिल सकेगा। लंबे समय से चली आ रही भीड़, पुरानी इमारत की समस्याएं और असुविधा दूर होंगी।
यह परियोजना क्षेत्र के लोकप्रिय विधायक ओमप्रकाश सिंह के लगातार प्रयासों का नतीजा है। 2016 में सपा सरकार के दौरान तहसील का लोकार्पण हुआ था, जब ओमप्रकाश सिंह ने इसे शुरू कराया। उस समय आवासीय भवन तो बन गया, लेकिन 2017 के चुनाव और सत्ता परिवर्तन के बाद कार्यालय भवन का काम रुक गया। 2022 में दोबारा विधायक बनने के बाद उन्होंने इसे प्राथमिकता दी। पहले उपनिबंधन कार्यालय शुरू हुआ, अब तहसील भवन का प्रस्ताव और नक्शा अंतिम रूप ले चुका है।
स्थानीय लोग इस विकास को लेकर बेहद उत्साहित हैं। ग्रामीणों का कहना है कि “अब सेवराई को वह आधुनिक तहसील मिलेगी जिसका हम वर्षों से इंतजार कर रहे थे। विधायक जी के प्रयासों से क्षेत्र का चेहरा बदल रहा है।”यह परियोजना न सिर्फ प्रशासनिक सुविधा बढ़ाएगी, बल्कि सेवराई को और मजबूत प्रशासनिक केंद्र बनाने में मदद करेगी। जल्द ही टेंडर और निर्माण शुरू होने से उम्मीद है कि कुछ ही समय में यह भवन जनता को समर्पित हो जाएगा।


